निरुपम ने क्या बोला था?
उधर कांग्रेस की महाराष्ट्र इकाई के अध्यक्ष नाना पटोले ने मुंबई में पार्टी की प्रचार समिति की बैठक में भाग लेने के बाद कहा कि कांग्रेस ने निरुपम का नाम स्टार प्रचारकों की सूची से हटा दिया है. पटोले ने कहा कि निरुपम के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई भी शुरू की गई है. एक या दो दिन में निर्णय लिया जाएगा.’ उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (UBT) द्वारा मुंबई की 6 लोकसभा सीट में से मुंबई उत्तर-पश्चिम सीट समेत 4 के लिए अपने उम्मीदवारों की घोषणा के बाद निरुपम ने कांग्रेस के प्रदेश नेतृत्व पर निशाना साधा था. बताया जाता है कि निरुपम उत्तर-पश्चिम सीट से चुनाव लड़ना चाहते हैं. मुंबई उत्तर से सांसद रह चुके संजय निरुपम ने कहा था कि कांग्रेस नेतृत्व को शिवसेना (UBT) के आगे दबाव में झुकना नहीं चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि मुंबई में एकतरफा उम्मीदवार उतारने के शिवसेना (UBT) के फैसले को स्वीकार करना कांग्रेस को बर्बाद करने की अनुमति देने के समान है.
उन्होंने कहा कि वर्धा में भी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) ने कांग्रेस नेता को चुनाव लड़ने के लिए मैदान में उतारा है, क्योंकि पवार के खेमे को उपयुक्त उम्मीदवार नहीं मिला. इससे पहले, शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने गतिरोध वाले निर्वाचन क्षेत्रों में कांग्रेस के कुछ नेताओं की ‘दोस्ताना लड़ाई’ की मांग को खारिज करते हुए कहा, ‘या तो दोस्त बनें या मुकाबला करें.’ ठाकरे की टिप्पणियों के जवाब में पटोले ने कहा कि MVA आज (बैठक में) संबंधित सीट के मुद्दे को सुलझा लेगा. उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस आगामी लोकसभा चुनाव के लिए घर-घर तक पहुंचने का प्रचार अभियान चलाएगी.